
श्रीमती श्रीवास्तव ने होली को आपसी एकता का मिसाल बतातेहुए रंग गुलाल का महान पर्व

समर्थ नारी समर्थ भारत के महिलाओ के उत्थान पर संगोष्ठी वो होली मिलन समारोह का आयोजन पटना के पटेलनगर हनुमानपथ मे पुष्पा पाठक के अध्यक्षता और मीरा रानी के संचालन मे सम्पन्न हुआ। , होली मिलन समारोह मे उपस्थित महिलाओ को संबोधित करते हुए समर्थ नारी समर्थ भारत की राष्ट्रीय सह संयोजिका बिहार झारखंड एवं वेस्ट बंगाल प्रभारी-मायाश्रीवास्तव ने सभी को होली की शुभकामनाएं देती हुई कहा कि रंगों का त्योहार फाल्गुन की बयार का आगाज पूरे देश में धूम धाम से सुरु हो चुका है ,श्रीमती श्रीवास्तव ने कहा कि होली तो भिन्न भिन्न रंगो और गुलाल से बिखरे आपसी भाई चारे और सौहार्द का रंग है होली सौहार्दपूर्ण रूप से मानना चाहिए
श्रीमती श्रीवास्तव ने कहा होली कटुता मिटा कर एक दूसरे से प्रेम वो सौहार्दपूर्ण रूप से गले मिलने का पर्व है.

होली तो हमारी संस्कृति और उल्लास का अद्भूत संगम है. श्रीमती श्रीवास्तव ने कहा होली सिर्फ वो सिर्फ रंगों का खेल नहीं है य़ह तो हमारे अंर्तमन की कटुता को मिटा कर प्रेम और सौहार्द पूर्ण रंग में रंग कर सराबोर हो ने का अवसर है .आज के समय में जब दूरियां बढ़ रही है, तो होली का त्योहार हमें एक दूसरे को करीब लाने में अहम भूमिका निभाती है.
होली खेले सुरक्षित तरीके से .होली में सेहत से समझौता न करें. होली खेलने से पहले अपने अपने पूरे शरीर पर नारियल तेल या अच्छा क्रीम की मोटी प्रत जरूर लगाएँ सिंथेटिक रंगों से जलन खुजली आदि का खतरा रहता है इसीलिए त्वचा की सुरक्षा अनिवार्य है
श्रीमती श्रीवास्तव ने राष्ट्रीय स्तर पर संस्था के द्वारा किए जा रहे कार्यों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि महिलाएं ही समाज की धरोहर है ।उन्हे हम सम्मान देकर ही ईतिहास बना सकते है ।महिलाओ को संगठित कर ऊनके अधिकार की रक्षा के लिए हम सब एकजुट होकर आगे आकर ऊनकी सम्मान को बरकरार रखने की चुनौती हम महिलाओ के ऊपर है जिसे बरकरार रखने की जरूरत है ।राम और कृष्ण के काल से ही महिलाएं सशक्त होकर विश्व में संदेश देती रही है ।ईसी का परिणाम हैकि आज भी आधि अबादी साहित्य, सांस्कृतिक, राजनीतिक, समाजसेवा, शिक्षा ,व्यवसाय, सेना समेत सभी प्रमुख क्षेत्रों मे स्थापित हो कर पूरी दुनिया को अपना लोहा मनवा चूंकि रही है ।अपने लक्ष्य की की प्राप्ति के लिए के लिए भी संघर्ष और त्याग के दिशा मे भी महिलाएं आगे है ।आज भी भारतीय संस्कृति मे महिलाएं पूज्यनीय है ।महिलाओ के साथ घट रही घटनाओं व समाज मे टूट रहे परिवार को बचाने में हम महिलाओ को हर हाल मे आगे आकर सड़क तक संघर्ष करने की जरूरत है
ईस अवसर पर महिलाओ ने आपस मे रंग गुलाल खेल कर और के गीत गाकर होली की शुभकामनाएं दी ।ईस अवसर पर श्रीमती श्रीवास्तव ने होली को आपसी एकता का मिसाल बतातेहुए रंग गुलाल का महान पर्व बताया ।अध्यक्षता करते हुए पुष्पा पाठक, , मंच संचालन करती हुई मीरा रानी, पटना जिलाध्यक्ष अनिता मिश्रा, धन्यवाद ज्ञापन करती हुई नीरू सिंह ने कहा होली महोत्सव सद्भाव रंग गुलाल का पर्व है हर भेद-भाव को भूलकर गले से गले मिलाकर एक दूसरे को रंग गुलाल लगाना चाहिए ।ईस अवसर पर संगठन की नीलु शर्मा, बबीता गुप्ता, शीला श्रीवास्तव, किरण ठाकुर, रिता शर्मा, संजू देवी ,इन्दू चौरसिया ,अनिता सिंह, सीमा देवी ,मीरा रानी ,शैलजा सिंह ,रेणू सिंह यादव, विमला देवी ,क्रान्ति ठाकुर, चाँदनी कुमारी ,प्रतिमा सिन्हा, रीना श्रीवास्तव, वेवी साहनी, पूजा ठाकुर ,वीणा सिन्हा ,मिनी सिन्हा सीता मिश्रा पिंकी वर्मा,वर्षा रानी रितिका आंशिका,पूनम, संगीता सिंह पूनम राधा, संगीता तिवारी, किरण नीशू घोष,सुविधा, इत्यादि मौजूद रहीं